श्रीनगर: राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने सोमवार को प्रतिबंधित संगठन जमात-ए-इस्लामी कश्मीर के खिलाफ घाटी में बड़ा अभियान चलाते हुए मध्य और दक्षिण कश्मीर के कई इलाकों में एक साथ छापेमारी की। यह कार्रवाई जम्मू-कश्मीर में अलगाववादी और राष्ट्र-विरोधी गतिविधियों को दोबारा सक्रिय करने के कथित प्रयासों की जांच के तहत की गई।
एनआईए की टीमों ने जम्मू-कश्मीर पुलिस और अर्धसैनिक बलों के सहयोग से श्रीनगर के लाल बाजार और दक्षिण कश्मीर के शोपियां जिले के विभिन्न स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान शोपियां के ज़ैनापोरा स्थित मुलू चित्रगाम इलाके में एक व्यक्ति के घर की भी तलाशी ली गई।
सूत्रों के मुताबिक, संबंधित व्यक्ति का कथित तौर पर जमात-ए-इस्लामी से जुड़ाव रहा है और वह शोपियां जिले का अमीर-ए-जमात भी रह चुका है। बताया जा रहा है कि उसका संबंध जामिया सिराज-उल-उलूम, इमाम साहिब से भी है। इसके अलावा, इमाम साहिब क्षेत्र में स्थित जमात-ए-इस्लामी से जुड़े सिराज-उल-उलूम संस्थान में भी एनआईए ने तलाशी अभियान चलाया।
अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई उस जांच का हिस्सा है जिसमें जम्मू-कश्मीर में अलगाववाद और भारत-विरोधी प्रचार को बढ़ावा देने के लिए जमात-ए-इस्लामी की गतिविधियों को फिर से सक्रिय करने के प्रयासों की पड़ताल की जा रही है।
गौरतलब है कि फरवरी 2024 में केंद्र सरकार ने गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) 1967 की धारा 3(1) के तहत ‘जमात-ए-इस्लामी जम्मू-कश्मीर’ पर अगले पांच वर्षों के लिए प्रतिबंध बढ़ा दिया था।
सरकारी एजेंसियों का आरोप है कि जमात-ए-इस्लामी आतंकवाद को बढ़ावा देने, अलगाववादी विचारधारा का समर्थन करने और जम्मू-कश्मीर में राष्ट्र-विरोधी गतिविधियों को बढ़ावा देने में शामिल रही है। अंतिम समाचार मिलने तक कई स्थानों पर तलाशी अभियान जारी था।